पदच्छेदः
| अर्धाधिकमुहूर्तेन | अर्ध–अधिक–मुहूर्त (३.१) |
| खरश् | खर (१.१) |
| च | च (अव्ययः) |
| सहदूषणः | सह (अव्ययः)–दूषण (१.१) |
| ऋषीणाम् | ऋषि (६.३) |
| अभयं | अभय (१.१) |
| दत्तं | दत्त (√दा + क्त, १.१) |
| कृतक्षेमाश् | कृत (√कृ + क्त)–क्षेम (१.३) |
| च | च (अव्ययः) |
| दण्डकाः | दण्डक (१.३) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| अ | र्धा | धि | क | मु | हू | र्ते | न |
| ख | र | श्च | स | ह | दू | ष | णः |
| ऋ | षी | णा | म | भ | यं | द | त्तं |
| कृ | त | क्षे | मा | श्च | द | ण्ड | काः |