पदच्छेदः
| पानभूमिगतं | पान–भूमि–गत (√गम् + क्त, २.१) |
| हित्वा | हित्वा (√हा + क्त्वा) |
| हैमम् | हैम (२.१) |
| आसनभाजनम् | आसन–भाजन (२.१) |
| पात्राणि | पात्र (२.३) |
| च | च (अव्ययः) |
| महार्हाणि | महार्ह (२.३) |
| करकांश्च | करक (२.३)–च (अव्ययः) |
| हिरण्मयान् | हिरण्मय (२.३) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| पा | न | भू | मि | ग | तं | हि | त्वा |
| है | म | मा | स | न | भा | ज | नम् |
| पा | त्रा | णि | च | म | हा | र्हा | णि |
| क | र | कां | श्च | हि | र | ण्म | यान् |