अन्वयः
सीतया by Sita, इति thus, उक्ताः spoken, राक्षस्यः rakshasis, घोरम् of terrible, क्रोधमूर्छिताः overwhelmed with anger, काश्चित् some, तत् that, तरस्विनः of the swift, रावणस्य to Ravana, आख्यातुम् to inform, जग्मुः went
M N Dutt
And being thus addressed by Trijatā, those demons, exercised with wrath and terrified, accosted her with the following words.
Summary
Hearing Sita's words, some terrifying demonesses, overwhelmed with anger, went to inform Ravana, who was quick to act.
पदच्छेदः
| एवम् | एवम् (अव्ययः) |
| उक्तास्त्रिजटया | उक्त (√वच् + क्त, १.३)–त्रिजटा (३.१) |
| राक्षस्यः | राक्षसी (१.३) |
| क्रोधमूर्छिताः | क्रोध–मूर्छित (√मूर्छय् + क्त, १.३) |
| सर्वा | सर्व (१.३) |
| एवाब्रुवन् | एव (अव्ययः)–ब्रुवन् (√ब्रू लङ् प्र.पु. बहु.) |
| भीतास्त्रिजटां | भीत (√भी + क्त, १.३)–त्रिजटा (२.१) |
| ताम् | तद् (२.१) |
| इदं | इदम् (२.१) |
| वचः | वचस् (२.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| ए | व | मु | क्ता | स्त्रि | ज | ट | या |
| रा | क्ष | स्यः | क्रो | ध | मू | र्छि | ताः |
| स | र्वा | ए | वा | ब्रु | व | न्भी | ता |
| स्त्रि | ज | टां | ता | मि | दं | व | चः |