अन्वयः
सःरावणः that Ravana, राघवस्य Raghava's, अस्त्रम् missile, निहत्य void, क्रोधमूर्छितः deluded with anger, सुमहाघोरम् very dreadful, अन्यत् other, असुरम् presided over by demon, अस्त्रम् missile, चकार released
Summary
Making Rama's missile void, Ravana manifested another missile presided over by demon and released.
पदच्छेदः
| निहत्य | निहत्य (√नि-हन् + ल्यप्) |
| राघवस्यास्त्रं | राघव (६.१)–अस्त्र (२.१) |
| रावणः | रावण (१.१) |
| क्रोधमूर्छितः | क्रोध–मूर्छित (√मूर्छय् + क्त, १.१) |
| आसुरं | आसुर (२.१) |
| सुमहाघोरम् | सु (अव्ययः)–महत्–घोर (२.१) |
| अन्यद् | अन्य (२.१) |
| अस्त्रं | अस्त्र (२.१) |
| समाददे | समाददे (√समा-दा लिट् प्र.पु. एक.) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| नि | ह | त्य | रा | घ | व | स्या | स्त्रं |
| रा | व | णः | क्रो | ध | मू | र्छि | तः |
| आ | सु | रं | सु | म | हा | घो | र |
| म | न्य | द | स्त्रं | स | मा | द | दे |