पदच्छेदः
| त्रासनं | त्रासन (२.१) |
| सर्वभूतानां | सर्व–भूत (६.३) |
| दारणं | दारण (२.१) |
| भेदनं | भेदन (२.१) |
| तथा | तथा (अव्ययः) |
| प्रदीप्त | प्रदीप्त (√प्र-दीप् + क्त, १.१) |
| इव | इव (अव्ययः) |
| रोषेण | रोष (३.१) |
| शूलं | शूल (२.१) |
| जग्राह | जग्राह (√ग्रह् लिट् प्र.पु. एक.) |
| रावणः | रावण (१.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| त्रा | स | नं | स | र्व | भू | ता | नां |
| दा | र | णं | भे | द | नं | त | था |
| प्र | दी | प्त | इ | व | रो | षे | ण |
| शू | लं | ज | ग्रा | ह | रा | व | णः |