पदच्छेदः
| हिमवन्तं | हिमवन्त् (२.१) |
| समाश्रित्य | समाश्रित्य (√समा-श्रि + ल्यप्) |
| मेरुं | मेरु (२.१) |
| मन्दरम् | मन्दर (२.१) |
| एव | एव (अव्ययः) |
| वा | वा (अव्ययः) |
| महेश्वरगृहप्रख्यं | महेश्वर–गृह–प्रख्या (१.१) |
| गृहं | गृह (१.१) |
| नः | मद् (६.३) |
| क्रियतां | क्रियताम् (√कृ प्र.पु. एक.) |
| महत् | महत् (१.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| हि | म | व | न्तं | स | मा | श्रि | त्य |
| मे | रुं | म | न्द | र | मे | व | वा |
| म | हे | श्व | र | गृ | ह | प्र | ख्यं |
| गृ | हं | नः | क्रि | य | तां | म | हत् |