M N Dutt
Rāma being engaged in governing the kingdom and performing many pious rites long time passed away.पदच्छेदः
| एवं | एवम् (अव्ययः) |
| स | तद् (१.१) |
| कालः | काल (१.१) |
| सुमहान् | सु (अव्ययः)–महत् (१.१) |
| राज्यस्थस्य | राज्य–स्थ (६.१) |
| महात्मनः | महात्मन् (६.१) |
| धर्मे | धर्म (७.१) |
| प्रयतमानस्य | प्रयतमान (√प्र-यत् + शानच्, ६.१) |
| व्यतीयाद् | व्यतीयात् (√व्यति-इ विधिलिङ् प्र.पु. एक.) |
| राघवस्य | राघव (६.१) |
| तु | तु (अव्ययः) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| ए | वं | स | का | लः | सु | म | हा |
| न्रा | ज्य | स्थ | स्य | म | हा | त्म | नः |
| ध | र्मे | प्र | य | त | मा | न | स्य |
| व्य | ती | या | द्रा | घ | व | स्य | तु |