पदच्छेदः
| तम् | तद् (२.१) |
| एवम् | एवम् (अव्ययः) |
| उक्त्वा | उक्त्वा (√वच् + क्त्वा) |
| काकुत्स्थो | काकुत्स्थ (१.१) |
| हनूमन्तम् | हनुमन्त् (२.१) |
| अथाब्रवीत् | अथ (अव्ययः)–अब्रवीत् (√ब्रू लङ् प्र.पु. एक.) |
| जीविते | जीवित (७.१) |
| कृतबुद्धिस्त्वं | कृत (√कृ + क्त)–बुद्धि (१.१)–त्वद् (१.१) |
| मा | मा (अव्ययः) |
| प्रतिज्ञां | प्रतिज्ञा (२.१) |
| विलोपय | विलोपय (√वि-लोपय् लोट् म.पु. ) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| त | मे | व | मु | क्त्वा | का | कु | त्स्थो |
| ह | नू | म | न्त | म | था | ब्र | वीत् |
| जी | वि | ते | कृ | त | बु | द्धि | स्त्वं |
| मा | प्र | ति | ज्ञां | वि | लो | प | य |