ह्रेपिता हि बहवो नरेश्वरा-
स्तेन तात धनुषा धनुर्भृतः ।
ज्यानिघातकठिनत्वचो भुजा-
न्स्वान्विधूय धिगिति प्रतस्थिरे ॥
ह्रेपिता हि बहवो नरेश्वरा-
स्तेन तात धनुषा धनुर्भृतः ।
ज्यानिघातकठिनत्वचो भुजा-
न्स्वान्विधूय धिगिति प्रतस्थिरे ॥
स्तेन तात धनुषा धनुर्भृतः ।
ज्यानिघातकठिनत्वचो भुजा-
न्स्वान्विधूय धिगिति प्रतस्थिरे ॥
अन्वयः
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तात! तेन धनुषा बहवः धनुर्भृतः नरेश्वराः ह्रेपिताः हि । ते ज्यानिघातकठिनत्वचः स्वान् भुजान् विधूय धिक् इति प्रतस्थिरे ।
सञ्जीविनीटीका (मल्लिनाथः)
ह्रेपिता इति॥ हे तात! तेन धनुषा बहवो धनुर्भृतो नरेश्वरा ह्रेपिता ह्रियं प्रापिता हि। जिह्रतेर्धातोर्ण्यन्तात्कर्मणि क्तः।
अर्तिह्री- (अष्टाध्यायी ७.३.३६ ) इत्यादिना पुगागमः। ते नरेश्वरा ज्यानिघातैः कठिनत्वचः स्वान्भुजान्धिगिति विधूयवमत्या प्रतस्थिरे प्रस्थिताः ॥
Summary
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"O Sage! Many kings, skilled archers themselves, were humiliated by that bow. Shaking their arms, which were toughened by the impact of bowstrings, they departed crying 'Shame!' upon themselves."
सारांश
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जनक बोले कि उस धनुष ने कई अभिमानी राजाओं का मानमर्दन किया है, जो अंततः अपनी भुजाओं को धिक्कारते हुए और हार मानकर वहाँ से लौट गए थे।
पदच्छेदः
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| ह्रेपिताः | ह्रेपित (√ह्री+णिच्+क्त, १.३) | humiliated |
| हि | हि | indeed |
| बहवः | बहु (१.३) | many |
| नरेश्वराः | नर–ईश्वर (१.३) | kings |
| तेन | तद् (३.१) | by that |
| तात | तात (८.१) | O Father/Sage |
| धनुषा | धनुस् (३.१) | by the bow |
| धनुर्भृतः | धनुस्–भृ (+क्विप्, १.३) | archers |
| ज्यानिघातकठिनत्वचः | ज्या–निघात–कठिन–त्वच् (२.३) | arms with skin toughened by the impact of the bowstring |
| भुजान् | भुज (२.३) | arms |
| स्वान् | स्व (२.३) | their own |
| विधूय | विधूय (वि√धू+ल्यप्) | having shaken |
| धिक् | धिक् | shame |
| इति | इति | thus |
| प्रतस्थिरे | प्रतस्थिरे (प्र√स्था कर्तरि लिट् (आत्मने.) प्र.पु. बहु.) | departed |
छन्दः
रथोद्धता [११: रनरलग]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| ह्रे | पि | ता | हि | ब | ह | वो | न | रे | श्व | रा |
| स्ते | न | ता | त | ध | नु | षा | ध | नु | र्भृ | तः |
| ज्या | नि | घा | त | क | ठि | न | त्व | चो | भु | जा |
| न्स्वा | न्वि | धू | य | धि | गि | ति | प्र | त | स्थि | रे |
| र | न | र | ल | ग | ||||||
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