मातंगनक्रैः सहसोत्पत-
द्भिन्नान्द्विधा पश्य समुद्रफेनान् ।
कपोलसंसर्पितया य एषां
व्रजन्ति कर्णक्षणचामरत्वम् ॥
मातंगनक्रैः सहसोत्पत-
द्भिन्नान्द्विधा पश्य समुद्रफेनान् ।
कपोलसंसर्पितया य एषां
व्रजन्ति कर्णक्षणचामरत्वम् ॥
द्भिन्नान्द्विधा पश्य समुद्रफेनान् ।
कपोलसंसर्पितया य एषां
व्रजन्ति कर्णक्षणचामरत्वम् ॥
अन्वयः
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सहसा उत्पतद्भिः मातंग-नक्रैः द्विधा भिन्नान् समुद्र-फेनान् पश्य, ये एषाम् कपोल-संसर्पितया कर्ण-क्षण-चामरत्वम् व्रजन्ति ।
सञ्जीविनीटीका (मल्लिनाथः)
मातंगेति॥ सहसोत्पतद्भिर्मातंगनक्रैः मातंगाकारैर्ग्राहैर्द्विधा भिन्नान्समुद्रफेनान् पश्य। ये फेनाः एषां जलमातंगनक्राणां कपोलेषु संसर्पितया संसर्पणेन हेतुना कर्णेषु क्षणं चामरत्वं व्रजन्ति ॥
Summary
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"Look at the ocean foam, split in two by elephant-like crocodiles suddenly leaping up. This foam, as it glides over their temples, serves for a moment as decorative chowries for their ears."
सारांश
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उछलते हुए जल-हाथियों और मगरमच्छों द्वारा दो भागों में बँटा समुद्र का झाग उनके कपोलों और कानों के पास चँवर जैसी शोभा पा रहा है।
पदच्छेदः
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| मातंग-नक्रैः | मातंग–नक्र (३.३) | by the elephant-like crocodiles |
| सहसा | सहसा | suddenly |
| उत्पतद्भिः | उत्पतत् (उद्√पत्+शतृ, ३.३) | by those leaping up |
| भिन्नान् | भिन्न (√भिद्+क्त, २.३) | split |
| द्विधा | द्विधा | in two |
| पश्य | पश्य (√दृश् कर्तरि लोट् (परस्मै.) म.पु. एक.) | see |
| समुद्र-फेनान् | समुद्र–फेन (२.३) | the ocean foam |
| कपोल-संसर्पितया | कपोल–संसर्पितृ–ता (३.१) | by gliding over their cheeks |
| ये | यद् (१.३) | which (foam) |
| एषाम् | इदम् (६.३) | of these (crocodiles) |
| व्रजन्ति | व्रजन्ति (√व्रज् कर्तरि लट् (परस्मै.) प्र.पु. बहु.) | attain |
| कर्ण-क्षण-चामरत्वम् | कर्ण–क्षण–चामर–त्व (२.१) | the state of being momentary chowries for their ears |
छन्दः
उपेन्द्रवज्रा [११: जतजगग]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| मा | तं | ग | न | क्रैः | स | ह | सो | त्प | त | |
| द्भि | न्ना | न्द्वि | धा | प | श्य | स | मु | द्र | फे | नान् |
| क | पो | ल | सं | स | र्पि | त | या | य | ए | षां |
| व्र | ज | न्ति | क | र्ण | क्ष | ण | चा | म | र | त्वम् |
| ज | त | ज | ग | ग | ||||||
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