अन्वयः
लक्ष्मण Lakshmana, आगच्छ come, मया by me, उद्यताम् ready to be bestowed upon, ऊर्मिलाम् Urmila, प्रतीच्छ accept, पाणिम् her hand, (पाणिना with your hand), गृह्णीष्व hold, कालस्य time, पर्यय: delay, माभूत् let not happen.
Summary
"Lakshmana come and accept my daughter. Urmila ready to be bestowed upon you by me. Take her hand. Let there be no delay".
पदच्छेदः
| लक्ष्मणागच्छ | लक्ष्मण (८.१)–आगच्छ (√आ-गम् लोट् म.पु. ) |
| भद्रं | भद्र (१.१) |
| ते | त्वद् (४.१) |
| ऊर्मिलाम् | ऊर्मिला (२.१) |
| उद्यतां | उद्यत (√उत्-यम् + क्त, २.१) |
| मया | मद् (३.१) |
| प्रतीच्छ | प्रतीच्छ (√प्रति-इष् लोट् म.पु. ) |
| पाणिं | पाणि (२.१) |
| गृह्णीष्व | गृह्णीष्व (√ग्रह् लोट् म.पु. ) |
| मा | मा (अव्ययः) |
| भूत् | भूत् (√भू प्र.पु. एक.) |
| कालस्य | काल (६.१) |
| पर्ययः | पर्यय (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| ल | क्ष्म | णा | ग | च्छ | भ | द्रं | ते |
| ऊ | र्मि | ला | मु | द्य | तां | म | या |
| प्र | ती | च्छ | पा | णिं | गृ | ह्णी | ष्व |
| मा | भू | त्का | ल | स्य | प | र्य | यः |