अन्वयः
श्रीमान् illustrious, सः Bharata, प्रहृष्टवदनः with cheerful countenance, सर्वाः all, मातृ़ः mothers, समभिवाद्य paying obeisance, शत्रुघ्न with Satrughna, समन्वितः accompanied by, रथम् the chariot, आरुरोह ascended.
Summary
Then Bharata accompanied by Satrughna, placing the sandals on his head in delight, boarded the chariot.
पदच्छेदः
| प्रहृष्टवदनः | प्रहृष्ट (√प्र-हृष् + क्त)–वदन (१.१) |
| सर्वा | सर्व (२.३) |
| समभिवाद्य | समभिवाद्य (√समभि-वादय् + ल्यप्) |
| सः | तद् (१.१) |
| आरुरोह | आरुरोह (√आ-रुह् लिट् प्र.पु. एक.) |
| रथं | रथ (२.१) |
| श्रीमाञ् | श्रीमत् (१.१) |
| शत्रुघ्नेन | शत्रुघ्न (३.१) |
| समन्वितः | समन्वित (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| प्र | हृ | ष्ट | व | द | नः | स | र्वा |
| मा | तॄः | स | म | भि | वा | द्य | सः |
| आ | रु | रो | ह | र | थं | श्री | मा |
| ञ्श | त्रु | घ्ने | न | स | म | न्वि | तः |