अन्वयः
शुद्धात्मन् O purehearted one, प्रेमभावात् with feeling of love, भर्तारम् husband, अनुगच्छन्ती following, विकल्मषा sinless, भविष्यामि I shall become, भर्ता husband, मम to me, दैवतं हि is a god.
M N Dutt
O you, pure-hearted one, surely shall I become sinless if I follow my husband, out of affection; for my husband is my Divinity.
Summary
O my purehearted one by following my husband with love I shall become sinless, because my husband is my god.
पदच्छेदः
| शुद्धात्मन् | शुद्ध–आत्मन् (८.१) |
| प्रेमभावाद्धि | प्रेमन्–भाव (५.१)–हि (अव्ययः) |
| भविष्यामि | भविष्यामि (√भू लृट् उ.पु. ) |
| विकल्मषा | विकल्मष (१.१) |
| भर्तारम् | भर्तृ (२.१) |
| अनुगच्छन्ती | अनुगच्छत् (√अनु-गम् + शतृ, १.१) |
| भर्ता | भर्तृ (१.१) |
| हि | हि (अव्ययः) |
| मम | मद् (६.१) |
| दैवतम् | दैवत (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| शु | द्धा | त्म | न्प्रे | म | भा | वा | द्धि |
| भ | वि | ष्या | मि | वि | क | ल्म | षा |
| भ | र्ता | र | म | नु | ग | च्छ | न्ती |
| भ | र्ता | हि | म | म | दै | व | तम् |