अन्वयः
महातेजाः effulgent, यः Rama, मातरि with regard to his mother, कौशल्यायाम् Kausalya, यथा as, वर्तते treats, तथा in that way, अस्मासु in us, वर्तते treats, महात्मा a magnanimous one, क्व नु where, गच्छति is he going?
Summary
Rama conducted himself towards us in the same way as he did towards his mother Kausalya right from the begining.
पदच्छेदः
| कौसल्यायां | कौसल्या (७.१) |
| महातेजा | महत्–तेजस् (१.१) |
| यथा | यथा (अव्ययः) |
| मातरि | मातृ (७.१) |
| वर्तते | वर्तते (√वृत् लट् प्र.पु. एक.) |
| तथा | तथा (अव्ययः) |
| यो | यद् (१.१) |
| ऽस्मासु | मद् (७.३) |
| महात्मा | महात्मन् (१.१) |
| क्व | क्व (अव्ययः) |
| नु | नु (अव्ययः) |
| गच्छति | गच्छति (√गम् लट् प्र.पु. एक.) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| कौ | स | ल्या | यां | म | हा | ते | जा |
| य | था | मा | त | रि | व | र्त | ते |
| त | था | यो | व | र्त | ते | ऽस्मा | सु |
| म | हा | त्मा | क्व | नु | ग | च्छ | ति |