अन्वयः
वाक्यविशारदा skilled in speech, मन्थरा तु Manthara, मधुराक्षरम् in sweet accent, कैकेय्या: वच: the words of Kaikeyi, श्रुत्वा having heard, क्रोधसंयुक्ता filled with anger, वाक्यम् words, उवाच said.
Summary
Hearing the words of Kaikeyi uttered in a gentle voice, wrathful Manthara skilled in speech, said:
पदच्छेदः
| मन्थरा | मन्थरा (१.१) |
| तु | तु (अव्ययः) |
| वचः | वचस् (२.१) |
| श्रुत्वा | श्रुत्वा (√श्रु + क्त्वा) |
| कैकेय्या | कैकेयी (६.१) |
| मधुराक्षरम् | मधुर–अक्षर (२.१) |
| उवाच | उवाच (√वच् लिट् प्र.पु. एक.) |
| क्रोधसंयुक्ता | क्रोध–संयुक्त (√सम्-युज् + क्त, १.१) |
| वाक्यं | वाक्य (२.१) |
| वाक्यविशारदा | वाक्य–विशारद (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| म | न्थ | रा | तु | व | चः | श्रु | त्वा |
| कै | के | य्या | म | धु | रा | क्ष | रम् |
| उ | वा | च | क्रो | ध | सं | यु | क्ता |
| वा | क्यं | वा | क्य | वि | शा | र | दा |