पदच्छेदः
| बन्दिभिर् | बन्दिन् (३.३) |
| वन्दितः | वन्दित (√वन्द् + क्त, १.१) |
| काले | काल (७.१) |
| बहुभिः | बहु (३.३) |
| सूतमागधैः | सूत–मागध (३.३) |
| गाथाभिर् | गाथा (३.३) |
| अनुरूपाभिः | अनुरूप (३.३) |
| स्तुतिभिश् | स्तुति (३.३) |
| च | च (अव्ययः) |
| परंतपः | परंतप (१.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| ब | न्दि | भि | र्व | न्दि | तः | का | ले |
| ब | हु | भिः | सू | त | मा | ग | धैः |
| गा | था | भि | र | नु | रू | पा | भिः |
| स्तु | ति | भि | श्च | प | रं | त | पः |