अन्वयः
हन्त Oh what a wonder, लक्ष्मण Lakshmana, सुमित्रा Sumitra, त्वया by you, सुप्रजाः has a worthy son, इह here, भीमस्तनितगम्भीरः fearful rumbling of clouds, तुमुलः tumultous, स्वनः sound, इह here, श्रूयते is being heard, पश्य see.
Summary
O Lakshmana, the worthy son of Sumitra, fearful and tumultuous clamour like rumbling sound of clouds is heard. What a wonder Go and see.
पदच्छेदः
| हन्त | हन्त (अव्ययः) |
| लक्ष्मण | लक्ष्मण (८.१) |
| पश्येह | पश्य (√पश् लोट् म.पु. )–इह (अव्ययः) |
| सुमित्रा | सुमित्रा (१.१) |
| सुप्रजास् | सुप्रजस् (१.१) |
| त्वया | त्वद् (३.१) |
| भीमस्तनितगम्भीरस् | भीम–स्तनित–गम्भीर (१.१) |
| तुमुलः | तुमुल (१.१) |
| श्रूयते | श्रूयते (√श्रु प्र.पु. एक.) |
| स्वनः | स्वन (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| ह | न्त | ल | क्ष्म | ण | प | श्ये | ह |
| सु | मि | त्रा | सु | प्र | जा | स्त्व | या |
| भी | म | स्त | नि | त | ग | म्भी | र |
| स्तु | मु | लः | श्रू | य | ते | स्व | नः |