अन्वयः
घोराः frightful, महास्वनाः ghastly howls, शिवाः jackals, प्रदीप्तायाम् in the illuminated, दिशि direction, भैरवस्वनम् terrible sound, यातुधानानाम् of demons, अशिवम् inauspicious, व्याजह्रुः indicated.
Summary
The dreadful jackals making ghastly howls turning towards the illuminated direction and produced frightening sounds indicating inauspicious time for the demons.
पदच्छेदः
| व्याजह्रुश् | व्याजह्रुः (√व्या-हृ लिट् प्र.पु. बहु.) |
| च | च (अव्ययः) |
| प्रदीप्तायां | प्रदीप्त (√प्र-दीप् + क्त, ७.१) |
| दिशि | दिश् (७.१) |
| वै | वै (अव्ययः) |
| भैरवस्वनम् | भैरव–स्वन (२.१) |
| अशिवं | अशिव (२.१) |
| यातुधानानां | यातुधान (६.३) |
| शिवा | शिवा (१.३) |
| घोरा | घोर (१.३) |
| महास्वनाः | महत्–स्वन (१.३) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| व्या | ज | ह्रु | श्च | प | दी | प्ता | यां |
| दि | शि | वै | भै | र | व | स्व | नम् |
| अ | शि | वा | या | तु | दा | हा | नां |
| शि | वा | घो | रा | म | हा | स्व | नाः |