निवार्यमाणस्तु मया हितैषिणा; न मृष्यसे वाक्यमिदं निशाचर ।
परेतकल्पा हि गतायुषो नरा; हितं न गृह्णन्ति सुहृद्भिरीरितम् ॥
निवार्यमाणस्तु मया हितैषिणा; न मृष्यसे वाक्यमिदं निशाचर ।
परेतकल्पा हि गतायुषो नरा; हितं न गृह्णन्ति सुहृद्भिरीरितम् ॥
अन्वयः
निशाचर Ravana, हितैषिणा by your wellwisher, मया by me, निवार्यमाणः warned, इदम् this, वाक्यम् words, न मृष्यसे do not comprehend, गतायुषः men of reduced life span, परेतकल्पाः almost dead, नराः people, सुहृद्भि: by friends, ईरितम् told, हितम् good advice, न गृह्णन्ति हि not accept.M N Dutt
You do not relish my words O ranger of the night though prevented by me, who wishes you welfare; those men who range on the verge of death, well-nigh finishing the term of their existence do not receive with good grace the counsels of friends.Summary
O Ravana, you do not understand this word of warning coming from your wellwisher. Men who are going to die do not heed the advice given by their friends.इत्यार्षे श्रीमद्रामायणे वाल्मीकीय आदिकाव्ये अरण्यकाण्डे एकचत्वारिंशस्सर्गः॥Thus ends the fortyfirst sarga of Aranyakanda of the holy Ramayana the first epic composed by sage Valmiki.पदच्छेदः
| निवार्यमाणस् | निवार्यमाण (√नि-वारय् + शानच्, १.१) |
| तु | तु (अव्ययः) |
| मया | मद् (३.१) |
| हितैषिणा | हित–एषिन् (३.१) |
| न | न (अव्ययः) |
| मृष्यसे | मृष्यसे (√मृष् लट् म.पु. ) |
| वाक्यम् | वाक्य (२.१) |
| इदं | इदम् (२.१) |
| निशाचर | निशाचर (८.१) |
| परेतकल्पा | परेत (√परा-इ + क्त)–कल्प (१.३) |
| हि | हि (अव्ययः) |
| गतायुषो | गत (√गम् + क्त)–आयुस् (१.३) |
| नरा | नर (१.३) |
| हितं | हित (२.१) |
| न | न (अव्ययः) |
| गृह्णन्ति | गृह्णन्ति (√ग्रह् लट् प्र.पु. बहु.) |
| सुहृद्भिर् | सुहृद् (३.३) |
| ईरितम् | ईरित (√ईरय् + क्त, २.१) |
छन्दः
वंशस्थम् [१२: जतजर]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ | १२ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| नि | वा | र्य | मा | ण | स्तु | म | या | हि | तै | षि | णा |
| न | मृ | ष्य | से | वा | क्य | मि | दं | नि | शा | च | र |
| प | रे | त | क | ल्पा | हि | ग | ता | यु | षो | न | रा |
| हि | तं | न | गृ | ह्ण | न्ति | सु | हृ | द्भि | री | रि | तम् |
| ज | त | ज | र | ||||||||