अन्वयः
एषा she, यत् whatever, साधु इति treat it to be right, ब्रूयात् speak, तत् that, मुक्तसंशयम् without any doubt, कार्यम् work, तारामतम् her opinion, किञ्चत् even a little, अन्यथा otherwise, न परिवर्तते हि does not change.
M N Dutt
Do you, without the least doubt perform what shall the chaste lady instruct you to do; for Tārā's advice never goes without effect.
Summary
'Tara's opinion is never wrong. It does not change. Whatever she speaks is right and should be carried out without any doubt.
पदच्छेदः
| यद् | यत् (अव्ययः) |
| एषा | एतद् (१.१) |
| साध्व् | साधु (१.१) |
| इति | इति (अव्ययः) |
| ब्रूयात् | ब्रूयात् (√ब्रू विधिलिङ् प्र.पु. एक.) |
| कार्यं | कार्य (१.१) |
| तन् | तद् (१.१) |
| मुक्तसंशयम् | मुक्त (√मुच् + क्त)–संशय (१.१) |
| न | न (अव्ययः) |
| हि | हि (अव्ययः) |
| तारामतं | तारा–मत (१.१) |
| किंचिद् | कश्चित् (१.१) |
| अन्यथा | अन्यथा (अव्ययः) |
| परिवर्तते | परिवर्तते (√परि-वृत् लट् प्र.पु. एक.) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| य | दे | षा | सा | ध्वि | ति | ब्रू | या |
| त्का | र्यं | त | न्मु | क्त | सं | श | यम् |
| न | हि | ता | रा | म | तं | किं | चि |
| द | न्य | था | प | रि | व | र्त | ते |