अन्वयः
तत्र there, पुष्पोपगफलोपगाः had abundance of flowers and fruits (easily reachable), ये केचित् those few, पादपाः trees, सर्वे all, सच्छत्राः (like) parasols, सवितर्दीकाः having raised benches, सौवर्णवेदिकाः golden platforms.
Summary
There the trees had abundance of flowers and fruits. A few trees were full of leaves and branches spread like parasols. There were raised golden platforms.
पदच्छेदः
| ये | यद् (१.३) |
| केचित् | कश्चित् (१.३) |
| पादपास्तत्र | पादप (१.३)–तत्र (अव्ययः) |
| पुष्पोपगफलोपगाः | पुष्प–उपग–फल–उपग (१.३) |
| सवितर्दीकाः | सवितर्दीक (१.३) |
| सर्वे | सर्व (१.३) |
| सौवर्णवेदिकाः | सौवर्ण–वेदिका (१.३) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| ये | के | चि | त्पा | द | पा | स्त | त्र |
| पु | ष्पो | प | ग | फ | लो | प | गाः |
| स | च्छ | त्राः | स | वि | त | र्दी | काः |
| स | र्वे | सौ | व | र्ण | वे | दि | काः |