अन्वयः
कपिः monkey, कांश्चित् some, उरसा with his chest, अपरान् and others, ऊरुभ्याम् with his thighs, प्रममाथ strangled, केचित् a few, तस्य his, निनादेन by the roar, तत्रैव there itself, भुवि on the ground, पतिताः fell down.
Summary
The monkey strangled some with his chest and some between his thighs. A few fell down dead on the ground hearing his roaring noise.
पदच्छेदः
| प्रममाथोरसा | प्रममाथ (√प्र-मथ् लिट् प्र.पु. एक.)–उरस् (३.१) |
| कांश्चिद् | कश्चित् (२.३) |
| ऊरुभ्याम् | ऊरु (३.२) |
| अपरान् | अपर (२.३) |
| कपिः | कपि (१.१) |
| केचित् | कश्चित् (१.३) |
| तस्यैव | तद् (६.१)–एव (अव्ययः) |
| नादेन | नाद (३.१) |
| तत्रैव | तत्र (अव्ययः)–एव (अव्ययः) |
| पतिता | पतित (√पत् + क्त, १.३) |
| भुवि | भू (७.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| प्र | म | मा | थो | र | सा | कां | श्चि |
| दू | रु | भ्या | म | प | रा | न्क | पिः |
| के | चि | त्त | स्यै | व | ना | दे | न |
| त | त्रै | व | प | ति | ता | भु | वि |