अन्वयः
अरिन्दम subduer of enemies, मया by me, रामस्य Rama's, साह्ये received help, वर्तितव्यम् has to make efforts, महेन्द्रसमविक्रमः equal to Mahendra in valour, रामः Rama, धर्मभृताम् among the righteous, श्रेष्ठः foremost.
Summary
'O subduer of enemiesI must make efforts to help Rama the foremost among the righteous, for I have received help (from your father) who is equal to Indra in valour'.
पदच्छेदः
| रामस्य | राम (६.१) |
| च | च (अव्ययः) |
| मया | मद् (३.१) |
| साह्ये | साह्य (७.१) |
| वर्तितव्यम् | वर्तितव्य (√वृत् + कृत्, १.१) |
| अरिंदम | अरिंदम (८.१) |
| रामो | राम (१.१) |
| धर्मभृतां | धर्म–भृत् (६.३) |
| श्रेष्ठो | श्रेष्ठ (१.१) |
| महेन्द्रसमविक्रमः | महत्–इन्द्र–सम–विक्रम (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| रा | म | स्य | च | म | या | सा | ह्ये |
| व | र्ति | त | व्य | म | रिं | द | म |
| रा | मो | ध | र्म | भृ | तां | श्रे | ष्ठो |
| म | हे | न्द्र | स | म | वि | क्र | मः |