पदच्छेदः
| गवां | गो (६.३) |
| शतसहस्रं | शत–सहस्र (२.१) |
| च | च (अव्ययः) |
| ग्रामाणां | ग्राम (६.३) |
| च | च (अव्ययः) |
| शतं | शत (२.१) |
| परम् | परम् (अव्ययः) |
| सकुण्डलाः | स (अव्ययः)–कुण्डल (२.३) |
| शुभाचारा | शुभ–आचार (२.३) |
| भार्याः | भार्या (२.३) |
| कन्याश्च | कन्या (२.३)–च (अव्ययः) |
| षोडश | षोडशन् (२.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| ग | वां | श | त | स | ह | स्रं | च |
| ग्रा | मा | णां | च | श | तं | प | रम् |
| स | कु | ण्ड | लाः | शु | भा | चा | रा |
| भा | र्याः | क | न्या | श्च | षो | ड | श |