अन्वयः
तयोः both of them, क्षतजमार्गेण wounded profusely, बहु excessively, रुधिरम् red with blood, सुस्राव flowing, तौ they, उभौ both, पुष्पितौ flowery, किंशुकौइव like Kimsuka trees, प्रकाशितौ looked bright.
M N Dutt
And from their wounds blood began to gush out in streams; and they looked like flowercrowned Kinsukas.
Summary
Both Rama and Lakshmana bleeding excessively, wounded profusely, looked bright and red like Kimsuka trees with flowers.
पदच्छेदः
| तयोः | तद् (६.२) |
| क्षतजमार्गेण | क्षतज–मार्ग (३.१) |
| सुस्राव | सुस्राव (√स्रु लिट् प्र.पु. एक.) |
| रुधिरं | रुधिर (१.१) |
| बहु | बहु (१.१) |
| तावुभौ | तद् (१.२)–उभ् (१.२) |
| च | च (अव्ययः) |
| प्रकाशेते | प्रकाशेते (√प्र-काश् लट् प्र.पु. द्वि.) |
| पुष्पिताविव | पुष्पित (१.२)–इव (अव्ययः) |
| किंशुकौ | किंशुक (१.२) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| त | योः | क्ष | त | ज | मा | र्गे | ण |
| सु | स्रा | व | रु | धि | रं | ब | हु |
| ता | वु | भौ | च | प्र | का | शे | ते |
| पु | ष्पि | ता | वि | व | किं | शु | कौ |