अन्वयः
खरपुत्रेण by Khara's son, बाणौघैः by volley of arrows, अर्धिताः stricken, सर्वे all, वानराः Vanaras, सम्भ्रान्तमनसः perturbed terribly, भयपीडिताः stricken with fear, दुद्रुवुःran
M N Dutt
Being thus assailed with fearful arrows by Khara's son, those monkeys, stricken with fear, fled away.
Summary
Vanaras perturbed terribly by the volley of arrows of Khara's son were stricken with fear and ran.
पदच्छेदः
| बाणौघैर् | बाण–ओघ (३.३) |
| अर्दिताश्चापि | अर्दित (√अर्दय् + क्त, १.३)–च (अव्ययः)–अपि (अव्ययः) |
| खरपुत्रेण | खर–पुत्र (३.१) |
| वानराः | वानर (१.३) |
| संभ्रान्तमनसः | संभ्रान्त (√सम्-भ्रम् + क्त)–मनस् (१.३) |
| सर्वे | सर्व (१.३) |
| दुद्रुवुर् | दुद्रुवुः (√द्रु लिट् प्र.पु. बहु.) |
| भयपीडिताः | भय–पीडित (√पीडय् + क्त, १.३) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| बा | णौ | घै | र | र्दि | ता | श्चा | पि |
| ख | र | पु | त्रे | ण | वा | न | राः |
| सं | भ्रा | न्त | म | न | सः | स | र्वे |
| दु | द्रु | वु | र्भ | य | पी | डि | ताः |