पदच्छेदः
| ततो | ततस् (अव्ययः) |
| मे | मद् (६.१) |
| जननी | जननी (१.१) |
| दीना | दीन (१.१) |
| तच्छरीरं | तद् (२.१)–शरीर (२.१) |
| पितुर् | पितृ (६.१) |
| मम | मद् (६.१) |
| परिष्वज्य | परिष्वज्य (√परि-स्वज् + ल्यप्) |
| महाभागा | महाभाग (१.१) |
| प्रविष्टा | प्रविष्ट (√प्र-विश् + क्त, १.१) |
| दहनं | दहन (२.१) |
| सह | सह (अव्ययः) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| त | तो | मे | ज | न | नी | दी | ना |
| त | च्छ | री | रं | पि | तु | र्म | म |
| प | रि | ष्व | ज्य | म | हा | भा | गा |
| प्र | वि | ष्टा | द | ह | नं | स | ह |