M N Dutt
Hearing the words of Ravana, Prahasta, Suka, Sarana, Mahodara, Dhumraksa and other councillors descended into the waters of Narmada.पदच्छेदः
| रावणेनैवम् | रावण (३.१)–एवम् (अव्ययः) |
| उक्तास्तु | उक्त (√वच् + क्त, १.३)–तु (अव्ययः) |
| मारीचशुकसारणाः | मारीच–शुक–सारण (१.३) |
| समहोदरधूम्राक्षा | स (अव्ययः)–महोदर–धूम्राक्ष (१.३) |
| नर्मदाम् | नर्मदा (२.१) |
| अवगाहिरे | अवगाहिरे (√अव-गाह् लिट् प्र.पु. बहु.) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| रा | व | णे | नै | व | मु | क्ता | स्तु |
| मा | री | च | शु | क | सा | र | णाः |
| स | म | हो | द | र | धू | म्रा | क्षा |
| न | र्म | दा | म | व | गा | हि | रे |