M N Dutt
The warriors of Arjuna became dreadfully furious and emitted cries like the roaring of the deep infested with crocodiles, fishes and other marine monsters.पदच्छेदः
| हैहयाधिपयोधानां | हैहय–अधिप–योध (६.३) |
| वेग | वेग (१.१) |
| आसीत् | आसीत् (√अस् लङ् प्र.पु. एक.) |
| सुदारुणः | सु (अव्ययः)–दारुण (१.१) |
| सनक्रमीनमकरसमुद्रस्येव | स (अव्ययः)–नक्र–मीन–मकर–समुद्र (६.१)–इव (अव्ययः) |
| निस्वनः | निस्वन (१.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| है | ह | या | धि | प | यो | धा | नां |
| वे | ग | आ | सी | त्सु | दा | रु | णः |
| स | न | क्र | मी | न | म | क | र |
| स | मु | द्र | स्ये | व | नि | स्व | नः |