पदच्छेदः
| अद्यैव | अद्य (अव्ययः)–एव (अव्ययः) |
| च | च (अव्ययः) |
| परित्यक्तं | परित्यक्त (√परि-त्यज् + क्त, १.१) |
| वायुना | वायु (३.१) |
| जगद् | जगन्त् (१.१) |
| आयुषा | आयुस् (३.१) |
| अद्यैवेमे | अद्य (अव्ययः)–एव (अव्ययः)–इदम् (१.३) |
| निरुच्छ्वासाः | निरुच्छ्वास (१.३) |
| काष्ठकुड्योपमाः | काष्ठ–कुड्य–उपम (१.३) |
| स्थिताः | स्थित (√स्था + क्त, १.३) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| अ | द्यै | व | च | प | रि | त्य | क्तं |
| वा | यु | ना | ज | ग | दा | यु | षा |
| अ | द्यै | वे | मे | नि | रु | च्छ्वा | साः |
| का | ष्ठ | कु | ड्यो | प | माः | स्थि | ताः |