M N Dutt
Thereupon afternoon, Lord Rāghava along with his brothers heard from the air the following sweet accents.पदच्छेदः
| अथापराह्णसमये | अथ (अव्ययः)–अपराह्ण–समय (७.१) |
| भ्रातृभिः | भ्रातृ (३.३) |
| सह | सह (अव्ययः) |
| राघवः | राघव (१.१) |
| शुश्राव | शुश्राव (√श्रु लिट् प्र.पु. एक.) |
| मधुरां | मधुर (२.१) |
| वाणीम् | वाणी (२.१) |
| अन्तरिक्षात् | अन्तरिक्ष (५.१) |
| प्रभाषिताम् | प्रभाषित (√प्र-भाष् + क्त, २.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| अ | था | प | रा | ह्ण | स | म | ये |
| भ्रा | तृ | भिः | स | ह | रा | घ | वः |
| शु | श्रा | व | म | धु | रां | वा | णी |
| म | न्त | रि | क्षा | त्प्र | भा | षि | ताम् |