M N Dutt
Clashing his hands and grinding his teeth he invited that foremost of Raghus to fight.पदच्छेदः
| पाणौ | पाणि (७.१) |
| पाणिं | पाणि (२.१) |
| विनिष्पिष्य | विनिष्पिष्य (√विनिः-पिष् + ल्यप्) |
| दन्तान् | दन्त (२.३) |
| कटकटाय्य | कटकटाय्य (√कटकटायय् + क्त्वा) |
| च | च (अव्ययः) |
| लवणो | लवण (१.१) |
| रघुशार्दूलम् | रघु–शार्दूल (२.१) |
| आह्वयामास | आह्वयामास (√आ-ह्वा प्र.पु. एक.) |
| चासकृत् | च (अव्ययः)–असकृत् (अव्ययः) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| पा | णौ | पा | णिं | वि | नि | ष्पि | ष्य |
| द | न्ता | न्क | ट | क | टा | य्य | च |
| ल | व | णो | र | घु | शा | र्दू | ल |
| मा | ह्व | या | मा | स | चा | स | कृत् |