पदच्छेदः
| स | तद् (१.१) |
| काले | काल (७.१) |
| प्राप्तवांल् | प्राप्तवत् (√प्र-आप् + क्तवतु, १.१) |
| लोकम् | लोक (२.१) |
| इलो | इल (१.१) |
| ब्राह्मम् | ब्राह्म (२.१) |
| अनुत्तमम् | अनुत्तम (२.१) |
| ऐलः | ऐल (१.१) |
| पुरूरवा | पुरूरवस् (१.१) |
| राजा | राजन् (१.१) |
| प्रतिष्ठानम् | प्रतिष्ठान (२.१) |
| अवाप्तवान् | अवाप्तवत् (√अव-आप् + क्तवतु, १.१) |
छन्दः
अनुष्टुप् [८]छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| स | का | ले | प्रा | प्त | वा | ल्लो | क |
| मि | लो | ब्रा | ह्म | म | नु | त्त | मम् |
| ऐ | लः | पु | रू | र | वा | रा | जा |
| प्र | ति | ष्ठा | न | म | वा | प्त | वान् |