M N Dutt
In this wise beholding Sītā's entrance into the Earth the ascetics were greatly delighted. They all attaining to the same state of mind, the whole universe, for a moment, was possessed with the state of equality.
पदच्छेदः
| सीताप्रवेशनं | सीता–प्रवेशन (२.१) |
| दृष्ट्वा | दृष्ट्वा (√दृश् + क्त्वा) |
| तेषाम् | तद् (६.३) |
| आसीत् | आसीत् (√अस् लङ् प्र.पु. एक.) |
| समागमः | समागम (१.१) |
| तं | तद् (२.१) |
| मुहूर्तम् | मुहूर्त (२.१) |
| इवात्यर्थं | इव (अव्ययः)–अत्यर्थम् (अव्ययः) |
| सर्वं | सर्व (१.१) |
| संमोहितं | संमोहित (√सम्-मोहय् + क्त, १.१) |
| जगत् | जगन्त् (१.१) |
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ |
|---|
| सी | ता | प्र | वे | श | नं | दृ | ष्ट्वा |
| ते | षा | मा | सी | त्स | मा | ग | मः |
| तं | मु | हू | र्त | मि | वा | त्य | र्थं |
| स | र्वं | सं | मो | हि | तं | ज | गत् |